Balco Hospital: वेदांता समूह के रायपुर स्थित बालको मेडिकल सेंटर ने कैंसर ग्रैंड चैलेंज पुरस्कार प्राप्त करने वाले पहले भारतीय कैंसर संस्थान के रूप में इतिहास रचा…

स्वास्थ्य छत्तीसगढ़ राज्य
  • 25 मिमियन डॉलर कैंसर ग्राण्ड चैलेंजेज अवार्ड जीतने वाली भारत की पहली को-रीसार्चेर टीम…
  • यह प्रतिषिठित पुरस्कार कैंसर ग्राण्ड चैलेंज द्वारा दिया गया- जो कैंसर रिसर्च के दो सबसे बड़े विश्वस्तरीय वित्तपोशाको- कैंसर रिसर्च यूके एवं नेशनल कैंसर इंस्टिट्यूट यूएस द्वारा सह-स्थापित ग्लोबल रिसर्च पहल है…
  • बीएमसी आधुनिक ऑन्कोलॉजी संस्थान है जो मध्य भारत के 37000 मरीजों का उपचार कर चुका है…

नई दिल्ली, 7 मार्च, 2024: भारत के ऑन्कोलॉजी स्पेस में उभरता लीडर, वेदांता का बालको मेडिकल सेन्टर प्रतिष्ठित कैंसर ग्राण्ड चैलेंज अवार्ड हासिल करने वाला पहला भारतीय को-रिसेर्चेर बन गया है। कैंसर के अनुसन्धान के लिए 25 मिलियन डॉलर के साथ यह सम्मान भारत के ऑन्कोलॉजी स्पेस में प्रतिष्ठित संस्थान के रूप में बीएमसी की मौजूदगी की पुष्टि करता है। पुरस्कार प्राप्त करने वाली टीम प्रोस्पेक्ट में बालको मेडिकल सेन्टर तथा दुनिया के अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों के वैज्ञानिक,  एडवोकेटस एवं चिकित्सक शामिल हैं, जो कैंसर की चुन्नोतियों के शुरूआती  मुद्दों के समाधान पर विचार प्रस्तुत करेंगे।

श्रीमती ज्योति अग्रवाल , चेयरपर्सन, वेदांता मेडिकल रिसर्चे फाउंडेशन ने आभार व्यक्त करते हुए कहा, ‘‘हमें ख़ुशी है की हमें इस प्रतिष्ठित पुरस्कार के लिए चुना गया है, जो कैंसर के खिलाफ जंग को मजबूत बनाने में योगदान देगा। पिछले छह सालों के दौरान बीएमसी में हमारे लीडरों, कर्मचारियों और हितधारको ने यह सुनिश्चीत करने के लिए काम किया है की हमारे पास सर्वश्रेष्ठ तकनीके हो, और हमारी मरीज एवं समुदाय सुरक्षित और आश्वस्त महसूस करे। कैंसर ग्राण्ड चैलेंजेज के सहयोग से हमारे प्रयास ना सिर्फ जारी है बल्कि शसक्त भी हुए है। हमें विश्वास साईं की आपसी सहयोग के साथ हम स्वास्थसेवाओं में सकारात्मक योगदान दे सकते है ।’’

टीम प्रोस्पेक्ट पांच ग्लोबल टीमो में से एक है, जिसे इस साल कैंसर ग्राउंड चैलेंजेज द्वारा वित्तपोषित किया गया है, जिसकी स्थापना 2020 में कैंसर रिसर्च यूके और नेशनल कैन्सर इंस्टिट्यूट यूएस द्वारा विश्वस्तरीयरिसर्च टीमो को कैंसर की सबसे मुश्किल चुनोतियो पर चर्चा हेतु आमंत्रित करने के लिए की गई। टीमो को कैंसर रिसर्च यूके, नेशनल कैंसर इंस्टिट्यूट और बोवाल्बाबे फण्ड फॉर कैंसर रिसर्च यूके और इंस्टिट्यूट नेशनल डीयू कैंसर द्वारा कैंसर ग्राउंड चैलेंज़ेज के माध्यम से 125 मिलियन डॉलर के कुल निवेश के साथ वित्तपोषण दिया जाएगा, जिसका उपयोग कैंसर रिसर्च में कुछ सबसे मुश्किल चिनोतियों को हल करने केलिए किया जायेगा।

‘अपने पार्टनर्स एवं रिसर्च लीडर्स के नेटवर्क के साथ, कैंसर ग्राण्ड चैलेंजेज़ दुनिया के सबसे प्रतिभाशाली चिकित्सको को एक ही मंच पर लाता है और इसका उदेश्य कैंसर की सबसे मुश्किल चुनोतियों को हल करना है।’ डॉ डेविड स्कॉट, डायरेक्टर, कैंसर ग्राण्ड चैलेंजेज़ ने कहा। ‘‘अब तक के सबसे बड़े इस निवेश के साथ हम अपने विश्वस्तरीय रिसर्च कम्युनिटी को लगातार विकसित कर रहे हैं और अपनी नई टीमो को वित्तपोषण प्रदान करते हैं जो कैंसर के परिणामो पर सकारात्मक प्रभाव उत्पन्न कर सकें ।’दांता का बालको मेडिकल सेन्टर, मध्य भारत की आधुनिक  टशरी केयर ऑन्कोलॉजी यूनिट है, जो कैंसर की देखभाल, बहु-आयामी उपचार एवं सहयोग में अग्रणी है।

संस्थान को आधुनिक रेडिएशन थेरेपी, ब्रेकीथेरेपी, न्यूक्लियर रेडिएशन, सर्जरी, कीमोथेरेपी आदि के लिए रेफरल सेंटर के रूप में मान्यता दी गई है। मार्च 2018 में अपनी शुरूआत के बाद से बीएमसी अब तक 37000 से अधिक मरीजों का उपचार कर चुका है। इसके अलावा संस्थान को कई सर्टिफिकेशन जैसे एलईईडी सर्टिफिकेशन, एनएबीएच, एफएसएसएआई, एनएबीएल, नर्सिंग एक्सीलेंस, सीएएचओ सर्टिफिकेशन भी मिलें हैं। यह पुरस्कार आधुनिक समाधानों एवं अनुसंधानों में बीएमसी की प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है।

डॉ भावना सिरोही, मेडिकल डायरेक्टर, वेदांता मेडिकल रिसर्च फाउन्डेशन (बालको मेडिकल केयर) एवं लीड प्रिंसिपल इन्वेस्टिगेटर, प्रॉस्पेक्ट- इंडिया स्टडी के अनुसार, ‘‘कोलोरेक्टोर कैंसर के बढ़ते मामलों को देखते हुए समय पर निदान एवं रोकथाम के उपायों को अपनाना बहुत ज़रूरी है। उच्च जोखिम वाले छेत्रों में कैंसर स्क्रीनिंग बेहद महत्वपूर्ण है, ताकि समय पर निदान और उपचार किया जा सके । यह अनुसंधान कैंसर रिसर्च को गति प्रदान करेगा और कोलोरेक्टर कैंसर के कारणो एवं रोकथाम के उपायों पर अनुसंधान बढ़ावा देने में मदद करेगा।’

कोलोरेक्टर कैंसर की जल्दी शुरूआत, दुनिया भर के लोगो में एक बड़ा मुद्दा है, खासतौर पर 50 साल से कम उम्र के लोगो में ये मामला तेज़ी से बढ़ रहे हैं। टीम प्रॉस्पेक्ट का उद्देश इसके कारणो और जोखिम के कारको को समझना सिझना है। टीम कोलोरेक्टर कैंसर की जल्दी शुरूआत को समझने तथा इस प्रकार के कैंसर से के लिए नई रणनीतियों के लिए दिस्राप्तिव एवं बहु-आयामी दृष्टिकोण अपनाएगी।

वर्तमान में कैंसर ग्राण्ड चैलेंजेज़ दुनिया भर से 1200 अनुसंधानकर्ताओं और 16 टीमो को 13 चैलेंजेज़ पर विचार- विमर्श के लिए एक मंच पर लता है। यही मूल्य वेदांता के कोर मूल्यों का भाग है। यह उपलब्धि समाज पर सकारात्मक प्रभाव उत्पन्न करने के कंपनी के दृष्टिकोण में योगदान देगी।