CG राजनांदगांव (डोंगरगढ़): धर्मनगरी डोंगरगढ़ से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक 5 वर्षीय मासूम बालक को हवस का शिकार बनाया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान समीर सहारे के रूप में हुई है, जो पहले भी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहा है।
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चोटिल हालत में घर पहुँचा मासूम
जानकारी के अनुसार, घटना डोंगरगढ़ के वार्ड क्रमांक 2 की है। आरोपी समीर सहारे ने मासूम बालक के साथ अप्राकृतिक कृत्य (Unnatural Offence) करते हुए लैंगिक अपराध को अंजाम दिया। इस घिनौनी करतूत के दौरान आरोपी ने बच्चे के साथ मारपीट की और उसे शारीरिक चोटें भी पहुँचाईं। बच्चा जब घायल और डरी हुई अवस्था में घर पहुँचा, तब उसने रोते हुए अपने माता-पिता को आपबीती सुनाई।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, आरोपी सलाखों के पीछे
बच्चे के माता-पिता तत्काल डोंगरगढ़ थाने पहुँचे और मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तुरंत घेराबंदी की और आरोपी समीर सहारे को धर दबोचा। पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
आदतन अपराधी है समीर सहारे
जांच में यह बात भी सामने आई है कि आरोपी समीर सहारे का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। वह पूर्व में आबकारी अधिनियम (Excise Act) के तहत एक वर्ष के कारावास की सजा काट चुका है। जेल से बाहर आने के बाद उसने इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया, जिससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
क्या है पॉक्सो एक्ट?
भारत में 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के साथ होने वाले किसी भी प्रकार के यौन शोषण या दुर्व्यवहार को रोकने के लिए पॉक्सो एक्ट (POCSO Act, 2012) लागू है। इस कानून के तहत बच्चों के साथ लैंगिक अपराध करने वालों के लिए कठोर सजा का प्रावधान है, ताकि बच्चों की सुरक्षा और शारीरिक गरिमा सुनिश्चित की जा सके।


