Assembly Election 2026 Schedule , नई दिल्ली — भारतीय लोकतंत्र के सबसे बड़े ‘टूर्नामेंट’ का आधिकारिक शेड्यूल आज सार्वजनिक होने जा रहा है। भारत निर्वाचन आयोग (ECI) आज, 15 मार्च को शाम ठीक 4 बजे नई दिल्ली के विज्ञान भवन में एक हाई-प्रोफाइल प्रेस कॉन्फ्रेंस करने वाला है। इस सत्र में मुख्य चुनाव आयुक्त पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी के लिए चुनावी तारीखों का पूरा कैलेंडर जारी करेंगे।
सियासी पिच तैयार: किसकी कहां है चुनौती?
इस साल होने वाले चुनाव किसी हाई-वोल्टेज फाइनल मैच से कम नहीं हैं। सबकी निगाहें पश्चिम बंगाल पर टिकी हैं, जहां 294 सीटों के लिए कड़ा मुकाबला होने की उम्मीद है। पिछली बार बंगाल में 8 चरणों में मतदान हुआ था, लेकिन इस बार कयास लगाए जा रहे हैं कि सुरक्षा और निष्पक्षता को ध्यान में रखते हुए आयोग चरणों की संख्या में बदलाव कर सकता है।
असम में सत्ता बचाने की चुनौती है, तो केरल और तमिलनाडु में विपक्षी गठबंधन अपनी ताकत झोंकने को तैयार हैं। आयोग की टीम ने हाल ही में इन सभी राज्यों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था और ‘पोल प्रीपेडनेस’ (चुनाव तैयारियों) का जायजा लिया था।
“आयोग ने सभी 5 राज्यों की चुनावी तैयारियों की समीक्षा पूरी कर ली है। आज शाम 4 बजे हम जनता और राजनीतिक दलों के सामने मतदान का पूरा खाका पेश करेंगे।”
— चुनाव आयोग के वरिष्ठ अधिकारी
इस बार का चुनाव ‘प्लेऑफ़’ मोड में रहने वाला है। बंगाल और असम में चरणों की संख्या निर्णायक होगी। जहां दक्षिण के राज्यों (केरल, तमिलनाडु) में आमतौर पर एक ही चरण में ‘सिंगल हेडर’ मुकाबला होता है, वहीं बंगाल में ‘मल्टी-स्टेज’ वोटिंग देखने को मिल सकती है। जैसे ही आज घड़ी की सुइयां 4 बजाएंगी, राजनीतिक दलों के पास ‘रणनीति’ बनाने का समय खत्म और उसे ‘एग्जीक्यूट’ करने का समय शुरू हो जाएगा। आचार संहिता लागू होते ही सरकारों के लोक-लुभावन फैसलों पर भी ब्रेक लग जाएगा।



