- बड़ा दांव: भाजपा ने असम विधानसभा चुनाव 2026 के लिए 31 वादों वाला संकल्प पत्र जारी किया।
- रोजगार का स्कोर: अगले 5 साल में युवाओं के लिए 2 लाख सरकारी नौकरियों का लक्ष्य।
- सख्त कानून: ‘लव जिहाद’ पर एक्शन और घुसपैठियों द्वारा कब्जाई गई जमीन वापस लेने का संकल्प।
BJP Manifesto 2026 , गुवाहाटी — असम विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने अपनी ‘रणनीति’ साफ कर दी है। मंगलवार सुबह जारी संकल्प पत्र में पार्टी ने विकास के साथ-साथ कड़े वैचारिक मुद्दों पर बैटिंग की है। पार्टी ने सीधे तौर पर ‘लव जिहाद’ के खिलाफ सख्त एक्शन लेने और बांग्लादेशी घुसपैठियों के कब्जे से जमीन वापस छुड़ाने को अपनी प्राथमिकता बताया है। रोजगार के मोर्चे पर भी बड़ा स्कोर सेट करते हुए भाजपा ने 5 साल में 2 लाख सरकारी नौकरियां देने का वादा किया है, जो युवाओं के वोट बैंक में सेंध लगाने की बड़ी कोशिश है।
मैदान पर नई ‘फील्डिंग’: 31 वादे और UCC का दांव
भाजपा का यह मेनिफेस्टो असम के सियासी समीकरणों को बदलने वाला साबित हो सकता है। पार्टी ने इस बार ‘ऑल-आउट’ अटैक की रणनीति अपनाई है।
- UCC लागू होगा: सत्ता में वापसी पर राज्य में समान नागरिक संहिता (UCC) को जमीन पर उतारा जाएगा।
- जमीन वापसी का मिशन: घुसपैठियों द्वारा अवैध रूप से कब्जा की गई जमीन को वापस लेकर मूल निवासियों को सौंपने का संकल्प।
- महिला सशक्तिकरण: महिलाओं के लिए विशेष योजनाओं को और विस्तार देने की योजना।
पार्टी नेतृत्व ने साफ कर दिया है कि उनका फोकस केवल बुनियादी ढांचे पर नहीं, बल्कि असम की सांस्कृतिक और जनसांख्यिकीय सुरक्षा पर भी है। 31 वादों के इस पुलिंदे में कृषि, शिक्षा और कनेक्टिविटी को लेकर भी बड़े लक्ष्य रखे गए हैं।
“हमारा संकल्प असम को सुरक्षित और समृद्ध बनाना है। हम राज्य में UCC लागू करेंगे और लव जिहाद जैसी ताकतों को सिर नहीं उठाने देंगे। 2 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी देना हमारा अटूट वादा है।”
— भाजपा चुनाव समिति, असम



