Hum Vatan News
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Reading: New Labor Code : नए लेबर कोड से वेतन संरचना में बड़ा परिवर्तन
Font ResizerAa
Hum Vatan NewsHum Vatan News
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.

Home » New Labor Code : नए लेबर कोड से वेतन संरचना में बड़ा परिवर्तन

Featuredदेश - विदेश

New Labor Code : नए लेबर कोड से वेतन संरचना में बड़ा परिवर्तन

Hum Vatan News
Last updated: November 22, 2025 3:21 PM
By
Hum Vatan News
Share
New Labor Code  :  देश में श्रम सुधारों को लेकर केंद्र सरकार ने अब तक का सबसे बड़ा और व्यापक बदलाव कर दिया है। मोदी सरकार ने श्रम से जुड़े 29 पुराने कानूनों को समाप्त करते हुए उनकी जगह 4 नए लेबर कोड लागू किए हैं, जो 21 नवंबर से पूरे देश में प्रभावी हो गए हैं। सरकार का दावा है कि ये नए कोड देश में रोजगार, श्रमिक अधिकारों और औद्योगिक संबंधों को एक नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। चार नए लेबर कोड क्या हैं? सरकार द्वारा लागू किए गए चार नए श्रम सुधार कानून इस प्रकार हैं: वेतन संहिता (Code on Wages) औद्योगिक संबंध संहिता (Industrial Relations Code) सामाजिक सुरक्षा संहिता (Social Security Code) व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य और कार्य परिस्थिति संहिता (OSH Code) इन चारों कोड में पुराने बिखरे हुए कानूनों को एकीकृत किया गया है, ताकि श्रमिकों और उद्योगों के बीच प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया जा सके। सरकार का दावा— आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ा कदम केंद्र सरकार ने कहा कि नया श्रम ढांचा देश को आत्मनिर्भर भारत की दिशा में आगे बढ़ाने में मदद करेगा। नए लेबर कोड से उद्योगों को अधिक लचीलापन मिलेगा, जबकि श्रमिकों के अधिकारों की सुरक्षा भी मजबूत होगी। क्या-क्या बदलेगा नए लेबर कोड से? 1. वेतन और कर्मचारियों की परिभाषा में बड़ा बदलाव नए कोड के तहत वेतन की नई परिभाषा लागू की गई है। बेसिक सैलरी अब कुल वेतन का कम से कम 50% होना अनिवार्य है। इससे कर्मचारियों का PF और ग्रेच्युटी फंड बढ़ेगा, हालांकि हाथ में मिलने वाली सैलरी पहले की तुलना में कुछ कम हो सकती है। 2. नियुक्ति और छंटनी की प्रक्रिया होगी सरल औद्योगिक संबंध संहिता के तहत कंपनियों को कर्मचारियों की नियुक्ति, छंटनी और रजिस्ट्रेशन प्रक्रियाओं में राहत दी गई है, जिससे उद्योगों में प्रशासनिक बोझ कम होगा। 3. श्रमिकों की सामाजिक सुरक्षा होगी मजबूत नए कानून के तहत गिग वर्कर, प्लेटफॉर्म वर्कर (जैसे—ऑनलाइन डिलीवरी पार्टनर) और अनौपचारिक क्षेत्र के कर्मचारी भी सामाजिक सुरक्षा लाभों के दायरे में आएंगे। 4. काम करने के घंटे और ओवरटाइम का नया ढांचा नए कोड में काम के घंटे को 12 घंटे तक बढ़ाने का विकल्प दिया गया है, लेकिन साप्ताहिक काम के घंटे 48 ही रहेंगे। कंपनियां कर्मचारियों को 3-दिवसीय वर्किंग वीक भी दे सकती हैं। 5. फैक्ट्रियों और कार्यस्थलों में सुरक्षा नियम कड़े OSH कोड के तहत कार्यस्थलों में सुरक्षा, स्वास्थ्य और कामकाज की स्थिति को बेहतर बनाना अनिवार्य कर दिया गया है। क्यों जरूरी थे ये बदलाव? सरकार का कहना है कि भारत में पहले श्रमिकों से जुड़े कानून बहुत बिखरे और जटिल थे। इससे उद्योगों को परेशानी होती थी और श्रमिकों को भी उनके अधिकारों का पूरा लाभ नहीं मिल पाता था। नए कोड से व्यवस्था सरल, डिजिटल और पारदर्शी होगी। कर्मचारियों और उद्योग जगत की प्रतिक्रिया New Labor Code
New Labor Code
SHARE
× Popup Image

New Labor Code  :  देश में श्रम सुधारों को लेकर केंद्र सरकार ने अब तक का सबसे बड़ा और व्यापक बदलाव कर दिया है। मोदी सरकार ने श्रम से जुड़े 29 पुराने कानूनों को समाप्त करते हुए उनकी जगह 4 नए लेबर कोड लागू किए हैं, जो 21 नवंबर से पूरे देश में प्रभावी हो गए हैं। सरकार का दावा है कि ये नए कोड देश में रोजगार, श्रमिक अधिकारों और औद्योगिक संबंधों को एक नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

Contents
चार नए लेबर कोड क्या हैं?सरकार का दावा— आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ा कदमक्या-क्या बदलेगा नए लेबर कोड से?1. वेतन और कर्मचारियों की परिभाषा में बड़ा बदलाव2. नियुक्ति और छंटनी की प्रक्रिया होगी सरल3. श्रमिकों की सामाजिक सुरक्षा होगी मजबूत4. काम करने के घंटे और ओवरटाइम का नया ढांचा5. फैक्ट्रियों और कार्यस्थलों में सुरक्षा नियम कड़ेक्यों जरूरी थे ये बदलाव?कर्मचारियों और उद्योग जगत की प्रतिक्रियाआगे क्या?

Vivah Panchami 2025: त्रेता युग में इसी तिथि को हुआ था राम–सीता विवाह, अयोध्या में धूमधाम से निकाली जाती है प्रभु श्रीराम की बारात

- Advertisement -
HTML5 Icon

चार नए लेबर कोड क्या हैं?

सरकार द्वारा लागू किए गए चार नए श्रम सुधार कानून इस प्रकार हैं:

- Advertisement -
HTML5 Icon
  1. वेतन संहिता (Code on Wages)

  2. औद्योगिक संबंध संहिता (Industrial Relations Code)

  3. सामाजिक सुरक्षा संहिता (Social Security Code)

  4. व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य और कार्य परिस्थिति संहिता (OSH Code)

इन चारों कोड में पुराने बिखरे हुए कानूनों को एकीकृत किया गया है, ताकि श्रमिकों और उद्योगों के बीच प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया जा सके।

सरकार का दावा— आत्मनिर्भर भारत की दिशा में बड़ा कदम

केंद्र सरकार ने कहा कि नया श्रम ढांचा देश को आत्मनिर्भर भारत की दिशा में आगे बढ़ाने में मदद करेगा। नए लेबर कोड से उद्योगों को अधिक लचीलापन मिलेगा, जबकि श्रमिकों के अधिकारों की सुरक्षा भी मजबूत होगी।

क्या-क्या बदलेगा नए लेबर कोड से?

1. वेतन और कर्मचारियों की परिभाषा में बड़ा बदलाव

नए कोड के तहत वेतन की नई परिभाषा लागू की गई है। बेसिक सैलरी अब कुल वेतन का कम से कम 50% होना अनिवार्य है। इससे कर्मचारियों का PF और ग्रेच्युटी फंड बढ़ेगा, हालांकि हाथ में मिलने वाली सैलरी पहले की तुलना में कुछ कम हो सकती है।

2. नियुक्ति और छंटनी की प्रक्रिया होगी सरल

औद्योगिक संबंध संहिता के तहत कंपनियों को कर्मचारियों की नियुक्ति, छंटनी और रजिस्ट्रेशन प्रक्रियाओं में राहत दी गई है, जिससे उद्योगों में प्रशासनिक बोझ कम होगा।

3. श्रमिकों की सामाजिक सुरक्षा होगी मजबूत

नए कानून के तहत गिग वर्कर, प्लेटफॉर्म वर्कर (जैसे—ऑनलाइन डिलीवरी पार्टनर) और अनौपचारिक क्षेत्र के कर्मचारी भी सामाजिक सुरक्षा लाभों के दायरे में आएंगे।

4. काम करने के घंटे और ओवरटाइम का नया ढांचा

नए कोड में काम के घंटे को 12 घंटे तक बढ़ाने का विकल्प दिया गया है, लेकिन साप्ताहिक काम के घंटे 48 ही रहेंगे। कंपनियां कर्मचारियों को 3-दिवसीय वर्किंग वीक भी दे सकती हैं।

5. फैक्ट्रियों और कार्यस्थलों में सुरक्षा नियम कड़े

OSH कोड के तहत कार्यस्थलों में सुरक्षा, स्वास्थ्य और कामकाज की स्थिति को बेहतर बनाना अनिवार्य कर दिया गया है।

क्यों जरूरी थे ये बदलाव?

सरकार का कहना है कि भारत में पहले श्रमिकों से जुड़े कानून बहुत बिखरे और जटिल थे। इससे उद्योगों को परेशानी होती थी और श्रमिकों को भी उनके अधिकारों का पूरा लाभ नहीं मिल पाता था। नए कोड से व्यवस्था सरल, डिजिटल और पारदर्शी होगी।

कर्मचारियों और उद्योग जगत की प्रतिक्रिया

नए कानूनों पर उद्योग जगत ने संतोष जताया है। उनका मानना है कि इससे रोजगार सृजन में बढ़ोतरी होगी और निवेशक भारत को एक बेहतर श्रम बाजार के रूप में देखेंगे। वहीं, कुछ कर्मचारी संगठनों ने कहा कि कुछ प्रावधान श्रमिकों के हितों को प्रभावित कर सकते हैं, इसलिए इनके क्रियान्वयन में संतुलन जरूरी है।

आगे क्या?

सरकार का कहना है कि अगले कुछ महीनों में सभी राज्यों को भी नए कोड लागू करने की प्रक्रिया पूरी करनी होगी, जिसके बाद पूरे देश में एक समान श्रम कानून व्यवस्था लागू होगी।

Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Copy Link Print
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0

13843/168

Advertisement Carousel

Latest Post

इजराइल ने US-Iran’ शांति समझौते को मानने से किया इनकार, रक्षा मंत्री बोले- लेबनान से पीछे नहीं हटेंगे
Featured international
CG BREAKING : छत्तीसगढ़ विधानसभा का मानसून सत्र 13 जुलाई से शुरू होगा, 5 दिनों में होंगी 5 बैठकें, वित्तीय मामलों पर होगी चर्चा
Featured छत्तीसगढ़
CG NEWS : विधवा से रिश्वत लेते बैंक मैनेजर का VIDEO वायरल, मृत पति के खाते की रकम दिलाने मांगे थे 10 हजार रुपए, 5 हजार लेते पकड़ी गईं, सस्पेंड
Featured छत्तीसगढ़
टीवी इंडस्ट्री में शोक, एक्ट्रेस Sanchita Ugale ने की आत्महत्या
Featured देश - विदेश मनोरंजन
CG Tourism News : पर्यटकों को बड़ा झटका, छत्तीसगढ़ के जंगलों में 3 महीने तक प्रवेश पर रोक, आज से आदेश लागू
Featured छत्तीसगढ़
CCPL फाइनल में दर्शकों के बीच मारपीट, चीयर लीडर्स पर अभद्र टिप्पणी से मचा बवाल, मैदान में फेंकी गईं बोतलें
Featured खेल छत्तीसगढ़
CG NEWS : CM हेल्पलाइन 1076 पर 5 दिन में 15,434 शिकायतें, बिजली और जमीन से जुड़े मामले सबसे आगे
Featured छत्तीसगढ़
CG News : घरेलू विवाद में बेटे ने मां की पीट-पीटकर हत्या, आरोपी पुलिस हिरासत में
Featured छत्तीसगढ़

You Might Also Like Related

TMC
Featurednational

ममता को महाझटका: TMC के 20 बागी सांसदों का ‘NCPI’ में विलय, खतरे में दीदी की ‘सांसदी’ पावर

By
Hum Vatan News
3 Min Read
Featuredछत्तीसगढ़

CG NEWS : जिला जेल के आसपास ड्रोन उड़ाने पर रोक, 200 मीटर दायरे को घोषित किया गया नो-फ्लाई जोन

By
Hum Vatan News
1 Min Read
Featuredदेश - विदेश

PM Modi’ स्लोवाकिया पहुंचे, ब्रेड-नमक से हुआ पारंपरिक स्वागत, आज राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से करेंगे मुलाकात

By
Hum Vatan News
2 Min Read
Previous Next
Hum Vatan News

Categories

  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

Follow for More

Quick Links

  • Privacy Policy
  • Contact
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
« May    

Hum Vatan News. Nimble Technology Design Company. All Rights Reserved.

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?