Chhattisgarh Police Salary Allowance : रायपुर। प्रदेश के पुलिसकर्मियों के वेतन-भत्ता पुनरीक्षण के लिए गठित कमेटी ने अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंप दी है। कमेटी ने अलग-अलग भत्तों की जगह आरक्षक से निरीक्षक (टीआई) स्तर तक के पुलिसकर्मियों को प्रतिमाह 5 हजार रुपये विशेष पुलिस रिस्पांस एलाउंस देने की सिफारिश की है। यह जानकारी गृहमंत्री विजय शर्मा ने विधानसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में दी।
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कांग्रेस विधायक चातुरीनंद के सवाल के जवाब में गृहमंत्री ने बताया कि पुलिस वेतन-भत्ता पुनरीक्षण कमेटी का गठन किया गया था। कमेटी के अध्यक्ष एडीजी एसआरपी कल्लुरी हैं। वहीं डीआईजी अरविंद कुजूर, मनीष शर्मा, वित्त नियंत्रक शंकर झा, एआईजी रोहित झा और अंशुमन सिसोदिया को सदस्य बनाया गया है।
पांच बैठकों के बाद तैयार हुई रिपोर्ट
कमेटी ने पुलिसकर्मियों के वेतन और भत्तों की समीक्षा के लिए कुल पांच बैठकें कीं। इस दौरान अन्य राज्यों में लागू भत्तों का अध्ययन किया गया और विभिन्न संगठनों से प्राप्त आवेदनों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। छत्तीसगढ़ पुलिस की कार्य प्रकृति को ध्यान में रखते हुए भत्तों की वर्तमान समय में प्रासंगिकता का तुलनात्मक अध्ययन कर अनुशंसाएं तैयार की गई हैं।
भत्तों में बढ़ोतरी की सिफारिश
कमेटी ने कई भत्तों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी का सुझाव दिया है। इसमें पौष्टिक आहार भत्ता 100 रुपये से बढ़ाकर 1000 रुपये, वर्दी धुलाई भत्ता 60 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये, और राइफल भत्ता 200-300 रुपये की जगह 1000 रुपये करने की सिफारिश शामिल है।
इसके अलावा राशन भत्ता 2000 रुपये, एसपीएफ कर्मियों के लिए 2200 रुपये, निश्चित यात्रा भत्ता 75-100 रुपये से बढ़ाकर 1000 रुपये, वाहन भत्ता 100 रुपये से बढ़ाकर 1500 रुपये, और वर्दी भत्ता 800 रुपये से बढ़ाकर प्रत्येक तीन वर्ष में 4000 रुपये करने का प्रस्ताव दिया गया है।
विशेष रिस्पांस एलाउंस का विकल्प भी सुझाया
कमेटी ने यह विकल्प भी रखा है कि राशन भत्ता और वर्दी भत्ता को छोड़कर अन्य सभी भत्तों को समाप्त कर, उनके स्थान पर अराजपत्रित पुलिसकर्मियों (आरक्षक से निरीक्षक स्तर तक) को प्रतिमाह 5000 रुपये विशेष पुलिस रिस्पांस एलाउंस दिया जाए।



