Hum Vatan News
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Reading: युवा शक्ति की सक्रिय भागीदारी से ही होगा विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप के द्वितीय बैच के 36 युवाओं से मुख्यमंत्री ने किया आत्मीय संवाद.
Font ResizerAa
Hum Vatan NewsHum Vatan News
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.

Home » युवा शक्ति की सक्रिय भागीदारी से ही होगा विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप के द्वितीय बैच के 36 युवाओं से मुख्यमंत्री ने किया आत्मीय संवाद.

अन्यछत्तीसगढ़देश - विदेश

युवा शक्ति की सक्रिय भागीदारी से ही होगा विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप के द्वितीय बैच के 36 युवाओं से मुख्यमंत्री ने किया आत्मीय संवाद.

Hum Vatan News
Last updated: October 9, 2026 7:26 PM
By
Hum Vatan News
Share
SHARE
× Popup Image

 रायपुर, 09 अक्टूबर 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित निवास कार्यालय में मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप के द्वितीय बैच के प्रतिभागियों से आत्मीय संवाद किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने युवाओं के सवालों के जवाब दिए और अपने छात्र जीवन, संघर्ष, पारिवारिक जिम्मेदारियों से लेकर जनसेवा और सार्वजनिक जीवन की यात्रा के अनुभव उनके साथ साझा किए। उन्होंने युवा फेलो से कहा कि वे इस अवसर का उपयोग केवल शासन की कार्यप्रणाली को समझने के लिए ही नहीं, बल्कि अपने ज्ञान, कौशल और नवीन विचारों के माध्यम से जनजीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए करें।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि युवा शक्ति ही राष्ट्र शक्ति है। विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की सक्रिय भागीदारी सबसे महत्वपूर्ण है। युवाओं के पास शिक्षा, ऊर्जा, प्रतिभा और नए विचारों की शक्ति है। जब यही शक्ति जनकल्याण और समाज की बेहतरी से जुड़ती है तो बड़े परिवर्तन का आधार बनती है। उन्होंने कहा कि स्पष्ट लक्ष्य, निरंतर परिश्रम और प्रत्येक दायित्व का निष्ठा एवं ईमानदारी से निर्वहन सफलता के साथ आत्मसंतुष्टि भी प्रदान करता है।

- Advertisement -
HTML5 Icon

संवाद के दौरान युवा प्रतिभागियों ने मुख्यमंत्री श्री साय से फेलोशिप को लेकर उनकी अपेक्षाओं, सुशासन, शिक्षा, रोजगार, निवेश, आधुनिक तकनीक, प्रदेश के विकास में युवाओं की भूमिका और उनके व्यक्तिगत एवं सार्वजनिक जीवन की यात्रा से जुड़े अनेक प्रश्न किए। मुख्यमंत्री ने सभी प्रश्नों का सहजता और आत्मीयता से जवाब दिया।

- Advertisement -
HTML5 Icon

विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लिया है। इस राष्ट्रीय संकल्प के अनुरूप छत्तीसगढ़ भी विकसित प्रदेश बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। भारत आज विभिन्न क्षेत्रों में तेजी से प्रगति करते हुए विश्व में अपनी सशक्त भूमिका स्थापित कर रहा है। इस यात्रा को और गति देने में युवाओं की भूमिका निर्णायक है।

उन्होंने युवा फेलो से कहा कि वे अपनी क्षमताओं को निरंतर निखारें, नए विचारों के साथ आगे आएं और शासन-प्रशासन के साथ कार्य करते हुए जनहित से जुड़े विषयों पर व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत करें। अलग-अलग शैक्षणिक पृष्ठभूमि से आए युवाओं के लिए मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप सीखने, अनुभव प्राप्त करने और अपनी प्रतिभा को प्रदेश के विकास में उपयोग करने का महत्वपूर्ण मंच है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि जिलों में कार्य के दौरान स्थानीय परिस्थितियों और लोगों की वास्तविक आवश्यकताओं को समझना सबसे महत्वपूर्ण होगा। संबंधित विभागों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए आंकड़ों, प्रमाणों और मैदानी अनुभव के आधार पर ऐसे सुझाव दिए जाएं, जिनसे योजनाओं के क्रियान्वयन और जनसेवाओं को अधिक प्रभावी बनाया जा सके।

शिक्षा ने तय की लंबी यात्रा, आज प्रदेश में उपलब्ध हैं प्रतिष्ठित संस्थान

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि शिक्षा विकास का मूल मंत्र है। युवा जहां भी अध्ययन करें, वहां से प्राप्त ज्ञान और अनुभव का उपयोग अपने समाज और प्रदेश की उन्नति में करें।

अपने छात्र जीवन को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि उस समय ग्रामीण क्षेत्रों में शैक्षणिक सुविधाएं बहुत सीमित थीं। उन्हें अपने गांव बगिया से लगभग छह किलोमीटर दूर दूसरे गांव के विद्यालय में पांचवीं की बोर्ड परीक्षा देने जाना पड़ा था। स्कूलों के भवन कच्चे होते थे और बच्चों को बैठने के लिए अपने घर से चटाई अथवा जूट का बोरा लेकर जाना पड़ता था।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज परिस्थितियां काफी बदल चुकी हैं। छत्तीसगढ़ में आईआईएम, आईआईटी, ट्रिपल आईटी, एम्स और विधि विश्वविद्यालय जैसे राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित संस्थान उपलब्ध हैं। स्कूलों में विद्यार्थियों को पाठ्यपुस्तक, गणवेश और मध्यान्ह भोजन जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। प्रयास आवासीय विद्यालय के माध्यम से प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का अवसर मिल रहा है। दिल्ली स्थित ट्रायबल यूथ हॉस्टल में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए रहने और भोजन की निःशुल्क व्यवस्था की गई है। पंजीकृत श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा के लिए भी राज्य सरकार सहायता उपलब्ध करा रही है।

शिक्षा के साथ रोजगारपरक कौशल भी जरूरी

मुख्यमंत्री श्री साय ने युवाओं के लिए शिक्षा के साथ रोजगारपरक कौशल को आवश्यक बताते हुए कहा कि बदलती अर्थव्यवस्था और उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप युवाओं को तैयार करना सरकार की प्राथमिकता है। जिलों में लाइवलीहुड कॉलेजों के माध्यम से कौशल प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रदेश के 30 आईटीआई का उन्नयन कर उन्हें उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप आधुनिक बनाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले लगभग ढाई वर्षों में 700 से अधिक रोजगार मेलों के माध्यम से करीब 24 हजार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया गया है। राजधानी रायपुर में आयोजित दो दिवसीय राज्य स्तरीय रोजगार मेले में 95 से अधिक नियोक्ताओं ने भाग लिया और लगभग पांच हजार युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त हुए।

उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि युवाओं को उनकी क्षमता और कौशल के अनुरूप प्रदेश में ही बेहतर अवसर उपलब्ध हों तथा वे रोजगार प्राप्त करने के साथ रोजगार देने वाले उद्यमी भी बनें।

निवेश को रोजगार में बदलना सरकार की प्राथमिकता

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि नई औद्योगिक नीति में स्थानीय युवाओं के रोजगार और उद्यमिता को विशेष प्राथमिकता दी गई है। महिला उद्यमियों तथा अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के उद्यमियों को उद्योग स्थापित करने के लिए विशेष प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य केवल निवेश प्रस्ताव प्राप्त करना नहीं, बल्कि उन्हें वास्तविक परियोजनाओं और रोजगार के अवसरों में परिवर्तित करना है। निवेश समझौतों के क्रियान्वयन की लगातार समीक्षा की जा रही है।

अपने हाल के सिंगापुर प्रवास का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वहां उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठकों में छत्तीसगढ़ की निवेश संभावनाओं को प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया। प्रदेश की समृद्ध खनिज संपदा, विविध वनोपज और मजबूत औद्योगिक संभावनाएं विकास को नई गति देने में सक्षम हैं। सेमीकंडक्टर और टेक्सटाइल जैसे नए क्षेत्रों में निवेश से युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

मुख्यमंत्री ने नवा रायपुर में लगभग 100 एकड़ क्षेत्र में प्रस्तावित मेडिसिटी और पांच हजार बिस्तरों की अस्पताल सुविधाओं की परिकल्पना का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसी परियोजनाएं प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के साथ रोजगार और आर्थिक गतिविधियों के नए अवसर भी पैदा करेंगी।

भविष्य की तकनीक के लिए युवाओं को तैयार करेगा एआई मिशन

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रदेश के युवाओं को आधुनिक तकनीक में दक्ष बनाना आवश्यक है। इसी उद्देश्य से एआई मिशन के लिए बजट में 500 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसके माध्यम से छह लाख विद्यार्थियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की शिक्षा देने तथा लगभग डेढ़ हजार अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है।

उन्होंने कहा कि तकनीक तेजी से दुनिया को बदल रही है। छत्तीसगढ़ के युवाओं को इस बदलाव में केवल सहभागी ही नहीं, बल्कि नेतृत्वकर्ता के रूप में तैयार करना राज्य सरकार का प्रयास है।

मुख्यमंत्री ने सुनाई संघर्ष की कहानी – कम उम्र में ही उठानी पड़ी परिवार की जिम्मेदारी

युवा फेलो द्वारा जीवन की प्रेरणा के संबंध में पूछे गए प्रश्न पर मुख्यमंत्री श्री साय ने अपने बचपन और संघर्ष के दिनों को याद किया। उन्होंने बताया कि लगभग दस वर्ष की उम्र में पिता के आकस्मिक निधन के बाद परिवार की जिम्मेदारी उनके कंधों पर आ गई थी। चार भाइयों में सबसे बड़े होने के कारण मां, दादी और छोटे भाइयों की देखभाल के साथ खेती-बाड़ी की जिम्मेदारी भी उन्हें संभालनी पड़ी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने स्वयं बैलों से हल चलाने सहित खेती के विभिन्न कार्य किए। इन परिस्थितियों ने कम उम्र में ही उन्हें परिश्रम, जिम्मेदारी और कठिन परिस्थितियों का सामना करना सिखाया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने कभी यह कल्पना भी नहीं की थी कि वे गांव के सरपंच बनेंगे। निर्विरोध सरपंच चुने जाने के बाद उन्हें विधायक, सांसद और केंद्रीय राज्यमंत्री के रूप में जनसेवा करने का अवसर मिला। जीवन में जो भी जिम्मेदारी मिली, उसे पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाने का उन्होंने प्रयास किया।

मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय श्री दिलीप सिंह जूदेव को स्मरण करते हुए उनके धैर्य, सहजता और आत्मीय व्यवहार को अपने लिए प्रेरणादायक बताया। उन्होंने कहा कि जनता के बीच रहना, लोगों के सुख-दुख में सहभागी बनना और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए सदैव उपलब्ध रहना उनके सार्वजनिक जीवन का आधार रहा है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि जो भी दायित्व मिले, उसे पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाएं। अपने कार्य के केंद्र में जनकल्याण को रखें। इससे मान-सम्मान और आत्मसंतुष्टि तो मिलती ही है, साथ ही प्रदेश, देश और समाज का भी भला होता है।

36 युवा फेलो समझेंगे शासन और योजनाओं का जमीनी क्रियान्वयन

इस अवसर पर सुशासन एवं अभिसरण विभाग के सचिव तथा मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत ने मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि द्वितीय बैच में चयनित 36 युवा इंजीनियरिंग, विज्ञान, प्रबंधन, गणित, वाणिज्य और अर्थशास्त्र जैसे विविध विषयों की पृष्ठभूमि से आए हैं। इनमें कुछ प्रतिभागी अपने स्टार्टअप भी संचालित कर रहे हैं।

दो वर्षीय फेलोशिप कार्यक्रम में कुल पांच माह का अध्ययन एवं प्रशिक्षण तथा 19 माह का मैदानी अनुभव शामिल है। प्रारंभिक तीन माह आईआईएम रायपुर में प्रशिक्षण के बाद प्रतिभागी जिला प्रशासन के साथ जुड़कर योजनाओं के क्रियान्वयन, प्रशासनिक प्रक्रियाओं और जनसेवाओं की वास्तविक कार्यप्रणाली को समझेंगे।

श्री राहुल भगत ने प्रतिभागियों को प्रदेश का विजन डॉक्यूमेंट ‘अंजोर छत्तीसगढ़ 2047’ पढ़ने और अपने सपनों के छत्तीसगढ़ को लेकर अपने विचार लिखने के लिए भी प्रेरित किया।

युवा फेलो ने मुख्यमंत्री के सामने रखीं जिज्ञासाएं

संवाद के दौरान युवा फेलो ने मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी जिज्ञासाएं रखीं तथा अपनी शैक्षणिक पृष्ठभूमि, अनुभव और प्रदेश के विकास में योगदान देने की आकांक्षाओं से भी उन्हें अवगत कराया।

रायपुर की सुश्री नीलिमा भारद्वाज ने मुख्यमंत्री से फेलोशिप के प्रतिभागियों से उनकी अपेक्षाओं के बारे में पूछा। प्रतिभागी खुशी ने सभी फेलो की ओर से अवसर के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जिलों में कार्य करने से प्रशासन और योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन को समझने का महत्वपूर्ण अवसर मिलेगा। जशपुर के प्रतिभागी अंशुल ने अपनी शिक्षा और फेलोशिप से जुड़ने के उद्देश्य की जानकारी देते हुए प्रदेश से बाहर अध्ययन कर रहे छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए मुख्यमंत्री का संदेश जानना चाहा।

मुख्यमंत्री ने सभी प्रतिभागियों की बातों को आत्मीयता से सुना और उन्हें अपने ज्ञान, कौशल और अनुभव का उपयोग जनसेवा तथा विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में करने के लिए प्रेरित किया।

उल्लेखनीय है कि सुशासन एवं अभिसरण विभाग द्वारा आईआईएम रायपुर और ट्रांसफॉर्म रूरल इंडिया के सहयोग से मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप संचालित की जा रही है। द्वितीय बैच के लिए कॉमन एडमिशन टेस्ट (कैट) स्कोर और आईआईएम की चयन प्रक्रिया के माध्यम से 36 युवाओं का चयन किया गया है। इनमें दंतेवाड़ा, बस्तर और जशपुर सहित प्रदेश के 14 जिलों के युवा शामिल हैं।

फेलो प्रशिक्षण और मैदानी कार्य-अनुभव के आधार पर योजनाओं की निगरानी, नीतिगत विश्लेषण, विभागीय समन्वय तथा जनसेवाओं में सुधार के प्रयासों में सहयोग देंगे। द्वितीय बैच के तीन दिवसीय प्रशिक्षण एवं अभिमुखीकरण कार्यक्रम में राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था, सुशासन की प्राथमिकताओं, लोक सेवा गारंटी, हितधारकों की पहचान तथा मैदानी कार्य से जुड़े विभिन्न विषयों पर विशेष सत्र आयोजित किए गए।

कार्यक्रम में भारतीय प्रबंध संस्थान रायपुर के निदेशक प्रोफेसर संजीव पराशर, सुशासन एवं अभिसरण विभाग के उप सचिव श्री सूरज साहू सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे

Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Copy Link Print
Advertisement Carousel

Latest Post

शहर के समग्र विकास और बेहतर प्रबंधन के लिए कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश…. प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने किया आईटीएमएस वार रूम का निरीक्षण.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
नीति आयोग की महानिदेशक सुश्री निधि छिब्बर ने छत्तीसगढ़ राज्य नीति आयोग के कार्यों की सराहना की…. राज्य में निगरानी एवं मूल्यांकन का सशक्त और स्थायी तंत्र विकसित करने में हरसंभव सहयोग का दिया आश्वासन.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
​कागजों से निकलकर ज़मीनी स्तर पर दिखे शिक्षा नीति: उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा …. राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP-2020) को धरातल पर उतारने छत्तीसगढ़ सरकार की बड़ी पहल.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
डिजिटल क्रॉप सर्वे में शत-प्रतिशत गिरदावरी सुनिश्चित करें -मुख्य सचिव श्री विकासशील…. फसल की वास्तविक स्थिति का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार करने और सर्वे का क्रॉस वेरिफिकेशन करने के निर्देश.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
बस्तर में पुनर्वास और स्वावलंबन की मिसाल बना ‘पण्डुम कैफ़े’, केंद्रीय सहकारिता सचिव ने की सराहना राष्ट्रीय सहकारिता सम्मेलन में आए वरिष्ठ अधिकारियों ने युवाओं से किया संवाद, आजीविका से जुड़ी पहल को सराहा.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
कला और कल्पनाशीलता से युवाओं ने दिया वन्यजीव संरक्षण का संदेश…. वन्यजीव सप्ताह का समापन, कला और रचनात्मक गतिविधियों से विद्यार्थियों ने दिखाई पर्यावरण के प्रति जागरूकता.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
CG Breaking: बिलासपुर में वायरल गरबा रील पर पुलिस का एक्शन, 5 युवतियों समेत 9 गिरफ्तार
Featured छत्तीसगढ़
Donald Trump Green Card News: टाटा, विप्रो समेत 8 IT कंपनियों के ग्रीन कार्ड प्रोसेस पर रोक, भारतीयों की बढ़ेगी मुश्किल
Featured international

You Might Also Like Related

Featuredछत्तीसगढ़

Linesh Sahu Suicide Case: धमतरी लिनेश साहू आत्महत्या केस में बड़ा फैसला, पत्नी समेत 5 दोषियों को 5-5 साल की सजा

By
Hum Vatan News
3 Min Read
Featuredदेश - विदेश

CG Teacher Recruitment Exam 2026 : शिक्षक भर्ती परीक्षा पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 11 अक्टूबर की परीक्षा पर संकट

By
Hum Vatan News
5 Min Read
Featuredखेलछत्तीसगढ़

India Women vs Zimbabwe Women T20: रायपुर में भारत-जिम्बाब्वे महिला T20 सीरीज का रोमांच, 250 रुपये से मिलेंगे टिकट

By
Hum Vatan News
5 Min Read
Previous Next
Hum Vatan News

Categories

  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

Follow for More

Quick Links

  • Privacy Policy
  • Contact
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
October 2026
M T W T F S S
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031  
« Sep    

Hum Vatan News. Nimble Technology Design Company. All Rights Reserved.

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?