रायपुर दिनांक 02 सितम्बर 2025 को माननीय अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव जी की अध्यक्षता में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल का 84वाँ मंडल सम्मिलन मंडल मुख्यालय, नवा रायपुर अटल नगर में संपन्न हुआ। बैठक में कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा करते हुए निर्णय लिए गए, जो मंडल के कर्मचारियों व हितग्राहियों के हित में हैं।
मंडल के माननीय अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव जी ने जानकारी दी कि बैठक में मंडल के कर्मचारियों को राज्य शासन के कर्मचारियों के समान महंगाई भत्ता देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है। यह निर्णय कर्मचारियों के कल्याण और राहत देने की दिशा में लिया गया है।
अध्यक्ष जी द्वारा यह भी बताया गया कि अटल विहार योजना पुलगांव, दुर्ग अंतर्गत विभिन्न श्रेणियों की लगभग 183 आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों हेतु 68.32 करोड़ की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। यह निर्णय आवासीय योजनाओं के विस्तार और आम जनता को सुलभ आवास उपलब्ध कराने लिया गया है।
मंडल अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव ने बताया कि राज्य प्रवर्तित योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री सह् मुख्यमंत्री आवास योजना, अटल विहार योजना, दीनदयाल आवास योजना एवं अटल आवास योजना के अंतर्गत बल्क में मकान देने की योजना को भी मंजूरी दी गई है। इसके तहत यदि कोई संस्था या व्यक्ति एक साथ बड़ी संख्या में संपत्ति खरीदना चाहे, तो उन्हें यह सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
सम्मिलन में एक और महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए अध्यक्ष महोदय ने जानकारी दी कि छत्तीसगढ़ निशक्तजन वित्त एवं विकास निगम को कचना, रायपुर स्थित मंडल की रिक्त दुकान/हॉल को राज्य के दिव्यांगजनों को निःशुल्क प्रशिक्षण देने हेतु किराए पर आबंटित करने का निर्णय लिया गया। इस पर मंडल द्वारा सामाजिक सहभागिता निभाते हुए किराया में 50 प्रतिशत की विशेष छूट प्रदान की जाएगी।
मंडल सम्मिलन में विशेष सचिव, आवास एवं पर्यावरण विभाग श्री डी. एस. भारद्वाज, आयुक्त नगर तथा ग्राम निवेश श्री अवनीश कुमार शरण, विशेष सचिव, वित्त विभाग श्रीमती शीतल शाश्वत, लोक निर्माण विभाग के प्रतिनिधि मुख्य अभियंता श्री आर. के. रात्रे, क्षेत्रीय प्रमुख हुडको रायपुर श्री साकेत श्रीवास्तव एवं आयुक्त छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल श्री अवनीश कुमार शरण उपस्थित रहे।
छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल का 84वाँ मंडल सम्मेलन संपन्न, दुर्ग में 68.32 करोड़ की आवासीय योजना स्वीकृति के साथ कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मिली स्वीकृति’.


