नजर दोष और बाधाओं के लिए विशेष उपाय
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यदि आपके घर में बार-बार बीमारियां आ रही हैं या व्यापार में नजर लग गई है, तो कालाष्टमी के दिन कुछ विशेष क्रियाएं राहत दे सकती हैं। काल भैरव को सरसों का तेल और काले तिल अर्पित करना अत्यंत फलदायी माना जाता है। मान्यता है कि आज के दिन भैरव चालीसा का पाठ करने से शत्रु बाधा शांत होती है और घर के भीतर व्याप्त नकारात्मक शक्तियां बाहर निकल जाती हैं।
- काले कुत्ते की सेवा: काल भैरव का वाहन कुत्ता है। आज के दिन काले कुत्ते को मीठी रोटी या गुड़ खिलाने से राहु-केतु के दोष शांत होते हैं।
- सरसों के तेल का दीपक: शाम के समय भैरव मंदिर में चौमुखी दीपक जलाने से नजर दोष का असर खत्म होता है।
- नारियल अर्पण: नजर उतारने के लिए अपने ऊपर से सात बार नारियल वारकर भैरव जी के चरणों में फोड़ें।
“काल भैरव समय के देवता हैं। जो व्यक्ति पूरी श्रद्धा के साथ कालाष्टमी का उपवास रखता है और मध्यरात्रि में उनकी साधना करता है, उसे अकाल मृत्यु के भय से मुक्ति मिलती है। यह दिन तंत्र-मंत्र की बाधाओं को काटने के लिए ब्रह्मांडीय ऊर्जा से भरपूर होता है।”
— आचार्य राजेश पाठक, धर्म विशेषज्ञ
देशभर के प्रमुख भैरव मंदिरों, विशेषकर वाराणसी के बाबा काल भैरव मंदिर और दिल्ली के प्राचीन मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटने की संभावना है। स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। मंदिर के आसपास भारी वाहनों का प्रवेश वर्जित किया गया है। श्रद्धालुओं को सलाह दी जाती है कि वे सुबह जल्दी दर्शन करें और मंदिर परिसर में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें। किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस चौकी पर दें।


