Hum Vatan News
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Reading: साहित्य उत्सव से छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान….- छगन लोन्हारे उप संचालक (जनसंपर्क विभाग)
Font ResizerAa
Hum Vatan NewsHum Vatan News
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Search
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.

Home » साहित्य उत्सव से छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान….- छगन लोन्हारे उप संचालक (जनसंपर्क विभाग)

खेलछत्तीसगढ़देश - विदेश

साहित्य उत्सव से छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान….- छगन लोन्हारे उप संचालक (जनसंपर्क विभाग)

Hum Vatan News
Last updated: January 20, 2026 7:18 PM
By
Hum Vatan News
Share
SHARE
× Popup Image

 रायपुर, 20 जनवरी 2026/बसंत पंचमी 23 जनवरी से नवा रायपुर के पुरखौती मुक्तांगन परिसर में तीन दिवसीय रायपुर साहित्य उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें देश भर के 100 से अधिक प्रतिष्ठित साहित्यकार शामिल होने जा रहे हैं। इस तीन दिवसीय उत्सव से छत्तीसगढ़ को एक नई पहचान मिलेगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का कहना है कि छत्तीसगढ़ राज्य की स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने पर पूरा प्रदेश रजत महोत्सव मना रहा है। रायपुर साहित्य उत्सव उसी श्रृंखला का एक महत्वपूर्ण अध्याय है। यह उत्सव न केवल छत्तीसगढ़ को बल्कि पूरे देश के सुप्रसिद्ध साहित्यकारों को एक साझा मंच प्रदान करेगा। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि यह आयोजन छत्तीसगढ़ को साहित्यिक जगत में एक नई पहचान प्रदान करेगा तथा जनसमुदाय को साहित्य, लेखन और पठन-पाठन की ओर प्रेरित करेगा। साहित्य महोत्सव के दौरान साहित्य विमर्श खुले संवाद, समकालीन विषयों पर विचार-विमर्श होगा। साहित्य महोत्सव को लेकर आम-लोगों में खासा उत्साह देखा जा रहा है।

आज जब सोशल मीडिया के कोलाहल मंे ज्ञान की धारा अक्सर सूचनाओं के शोर में दब जाती है। ऐसे समय में साहित्य उत्सव एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है। जहां विचार-विमर्श के बीच संवाद की संस्कृति जीवित रहती है। सृजन वही जन्म लेता है, जहां मन खुला हो और कथा वही आकार लेती हैं जहां मनुष्य अपने सत्य से संवाद करने का साहस रखता है। साहित्य महोत्सव के लोगो (डिजाइन) में अंकित ‘‘आदि से अनादि’’ तक वाक्य साहित्य के उस अटूट यात्रा को दर्शाता है, जिसमें आदिकालीन रचनाओं से लेकर निरंतर विकसित हो रहे आधुनिक साहित्य तक सभी रूप समाहित हैं। साहित्य कालातीत है, वह समय, समाज भाषा और पीढ़ियों को जोड़कर चलने वाली निरंतर धारा हैै। तीन दिनों तक पुरखौती मुक्तांगन में साहित्यिक संवाद, पुस्तक विमोचन, विचार-मंथन, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और कला-प्रदर्शनियों का जीवंत केंद्र बनेगा। यह आयोजन छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय साहित्यिक मानचित्र पर एक सशक्त पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

- Advertisement -
HTML5 Icon

रायपुर साहित्य उत्सव पूरे छत्तीसगढ़ के लिए सांस्कृतिक गर्व का विषय है क्योंकि इसमें राज्य की हजारों साल पुरानी साहित्यिक जड़े, जनजातीय परंपराएं, सामाजिक समरसता और आधुनिक रचनात्मक दृष्टि सभी का सुंदर सार्थक और कलात्मक संगम दिखाई देगा। छत्तीसगढ़ की साहित्यिक यात्रा आदि से अनादि तक अविचल, जीवंत और समृद्ध रही है, और आगे भी इसी धारा में निरंतर विकास की नई कहानियां लिखती रहेंगी। साहित्य उत्सव में कुल 11 सत्र शामिल होंगे, इनमें 5 समानांतर सत्र, 4 सामूहिक सत्र और 3 संवाद सत्र आयोजित किये जाएंगे जिनमें साहित्यकारों एवं प्रतिभागियों के बीच सीधा संवाद और विचार-विमर्श होगा। रायपुर साहित्य उत्सव साहित्य, विचार और संस्कृति के संगम का उत्सव है, इसमें युवाओं, शिक्षकों, लेखकों और आम पाठकों की सहभागिता रहेगी। नई पीढ़ी को साहित्य विचार और संस्कृति से जोड़ना इस उत्सव का मुख्य उद्देश्य है।

- Advertisement -
HTML5 Icon

उत्सव के दौरान पुस्तक मेला का भी आयोजन किया जा रहा है, जिसमें लगभग 40 स्टॉल लगाएं जाएंगे जिसमें देशभर के प्रतिष्ठित प्रकाशकों की पुस्तकें प्रदर्शित की जाएगी एवं विक्रय के लिए उपलब्ध रहेगी। रायपुर साहित्य उत्सव में विशेष रूप से चाणक्य नाटक का मंचन किया जाएगा जो भारतीय बौद्धिक परंपरा और नाट्य कला का प्रभावशाली उदाहरण होगा। इसके साथ ही लोकनृत्य, लोकगीत और छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से दर्शको को राज्य की जीवंत लोक संस्कृति से रू-ब-रू कराया जाएगा। विख्यात कवियों की उपस्थिति में कवि सम्मेलन आयोजित होगी, जहाँ उनकी सशक्त रचनाएँ श्रोताओं को साहित्यिक रसास्वादन कराएँगी। साथ ही पत्रकारों, विचारकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के साथ खुले संवाद सत्र आयोजित किए जाएँगे, जिनमें समकालीन सामाजिक-सांस्कृतिक विषयों पर सार्थक चर्चा होगी।

यह आयोजन छत्तीसगढ़ की साहित्यिक चेतना, विचार परंपरा और सांस्कृतिक आत्मा को राष्ट्रीय संवाद से जोड़ने की एक सशक्त पहल के रूप में उभर रहा है। रायपुर साहित्य उत्सव 2026 न केवल लेखकों और पाठकों के बीच सेतु बनेगा, बल्कि नई पीढ़ी को साहित्य, संस्कृति और विचार के प्रति संवेदनशील बनाने का भी माध्यम बनेगा। साहित्यिक विमर्श, रचनात्मक अभिव्यक्ति और सांस्कृतिक विविधता से समृद्ध यह तीन दिवसीय उत्सव नवा रायपुर को देश के प्रमुख साहित्यिक केंद्रों की श्रेणी में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण और यादगार अध्याय सिद्ध होगा।

छत्तीसगढ़ की साहित्यिक आत्मा और लोक स्मृति में बसे भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित स्वर्गीय विनोद कुमार शुक्ल की एक रचना –

हताशा से एक व्यक्ति बैठ गया था,
मैं व्यक्ति को नहीं,
हताशा को जानता था,
हम दोनों साथ चले,
साथ चलने को जानते थें

यही वह साहित्य है जो मनुष्य को धैर्य देता और साथ चलने की सभ्यता सिखाता है।

Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Copy Link Print
Advertisement Carousel

Latest Post

युवा शक्ति ही करेगी विकसित और सशक्त भारत का निर्माण : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
शहर के समग्र विकास और बेहतर प्रबंधन के लिए कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश…. प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने किया आईटीएमएस वार रूम का निरीक्षण.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
नीति आयोग की महानिदेशक सुश्री निधि छिब्बर ने छत्तीसगढ़ राज्य नीति आयोग के कार्यों की सराहना की…. राज्य में निगरानी एवं मूल्यांकन का सशक्त और स्थायी तंत्र विकसित करने में हरसंभव सहयोग का दिया आश्वासन.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
​कागजों से निकलकर ज़मीनी स्तर पर दिखे शिक्षा नीति: उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा …. राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP-2020) को धरातल पर उतारने छत्तीसगढ़ सरकार की बड़ी पहल.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
युवा शक्ति की सक्रिय भागीदारी से ही होगा विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप के द्वितीय बैच के 36 युवाओं से मुख्यमंत्री ने किया आत्मीय संवाद.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
डिजिटल क्रॉप सर्वे में शत-प्रतिशत गिरदावरी सुनिश्चित करें -मुख्य सचिव श्री विकासशील…. फसल की वास्तविक स्थिति का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार करने और सर्वे का क्रॉस वेरिफिकेशन करने के निर्देश.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
बस्तर में पुनर्वास और स्वावलंबन की मिसाल बना ‘पण्डुम कैफ़े’, केंद्रीय सहकारिता सचिव ने की सराहना राष्ट्रीय सहकारिता सम्मेलन में आए वरिष्ठ अधिकारियों ने युवाओं से किया संवाद, आजीविका से जुड़ी पहल को सराहा.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश
कला और कल्पनाशीलता से युवाओं ने दिया वन्यजीव संरक्षण का संदेश…. वन्यजीव सप्ताह का समापन, कला और रचनात्मक गतिविधियों से विद्यार्थियों ने दिखाई पर्यावरण के प्रति जागरूकता.
अन्य छत्तीसगढ़ देश - विदेश

You Might Also Like Related

Featuredछत्तीसगढ़

CG Breaking: बिलासपुर में वायरल गरबा रील पर पुलिस का एक्शन, 5 युवतियों समेत 9 गिरफ्तार

By
Hum Vatan News
4 Min Read
Featuredछत्तीसगढ़

Linesh Sahu Suicide Case: धमतरी लिनेश साहू आत्महत्या केस में बड़ा फैसला, पत्नी समेत 5 दोषियों को 5-5 साल की सजा

By
Hum Vatan News
3 Min Read
Featuredदेश - विदेश

CG Teacher Recruitment Exam 2026 : शिक्षक भर्ती परीक्षा पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 11 अक्टूबर की परीक्षा पर संकट

By
Hum Vatan News
5 Min Read
Previous Next
Hum Vatan News

Categories

  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • देश – विदेश
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

Follow for More

Quick Links

  • Privacy Policy
  • Contact
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
October 2026
M T W T F S S
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031  
« Sep    

Hum Vatan News. Nimble Technology Design Company. All Rights Reserved.

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?