Jhiram Ghati Martyrs : जगदलपुर। झीरम घाटी शहीद स्मारक में अब बलिदानियों से जुड़ी जानकारी डिजिटल माध्यम से भी उपलब्ध होगी। स्मारक पहुंचने वाले लोग अपने मोबाइल फोन से QR कोड स्कैन कर संबंधित बलिदानी के जीवन, सेवा और बलिदान से जुड़ी विस्तृत जानकारी हासिल कर सकेंगे। इसके लिए प्रत्येक बलिदानी की नाम पट्टिका के पास अलग-अलग QR कोड लगाए गए हैं। डिजिटल सुविधा शुरू होने से स्मारक आने वाले लोगों को शहीदों के योगदान और घटना से जुड़े तथ्यों को जानने का नया माध्यम मिलेगा।
हर बलिदानी की नाम पट्टिका के पास QR कोड
शहीद स्मारक परिसर में जिन बलिदानियों के नाम अंकित हैं, उनकी नाम पट्टिकाओं के पास QR कोड लगाए गए हैं। आगंतुक अपने स्मार्टफोन से इन कोड को स्कैन कर संबंधित व्यक्ति की जानकारी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर देख सकेंगे।
इसमें बलिदानी के जीवन परिचय, सार्वजनिक जीवन, सेवा से जुड़े विवरण और झीरम घाटी की घटना में उनके बलिदान से संबंधित जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
मोबाइल पर देख सकेंगे डॉक्यूमेंट्री
QR कोड के जरिए केवल लिखित जानकारी ही नहीं, बल्कि झीरम घाटी से जुड़ी डॉक्यूमेंट्री और अन्य डिजिटल सामग्री भी देखी जा सकेगी। इससे स्मारक आने वाले लोगों को घटना के संदर्भ और उससे जुड़े इतिहास को समझने में मदद मिलेगी।
डिजिटल माध्यम से जानकारी उपलब्ध कराने का उद्देश्य युवा पीढ़ी और नई पीढ़ी के आगंतुकों को भी स्मारक से जोड़ना है।
स्मारक को डिजिटल स्वरूप देने की पहल
झीरम घाटी शहीद स्मारक को केवल श्रद्धांजलि स्थल के रूप में नहीं, बल्कि जानकारी और स्मृति के केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में यह पहल महत्वपूर्ण मानी जा रही है। QR कोड तकनीक के माध्यम से आगंतुकों को एक ही स्थान पर अलग-अलग बलिदानियों से संबंधित विस्तृत सामग्री उपलब्ध हो सकेगी।
इस व्यवस्था में मोबाइल फोन और इंटरनेट के माध्यम से जानकारी तक पहुंच बनाई गई है, जिससे लोगों को किसी गाइड या अलग से उपलब्ध सामग्री पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।


