रायपुर: छत्तीसगढ़ में भाजपा की नई संगठनात्मक नियुक्ति के बाद प्रदेश की राजनीति में बयानबाजी शुरू हो गई है। भाजपा ने पूर्व केंद्रीय मंत्री और राष्ट्रीय महामंत्री स्मृति ईरानी को छत्तीसगढ़ का प्रदेश प्रभारी नियुक्त किया है। उनके साथ राष्ट्रीय सचिव सिद्धार्थ शंभू को सह-प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। इस नियुक्ति पर पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने तंज कसा है। उन्होंने स्मृति ईरानी को लेकर कहा कि उनका “वनवास खत्म हुआ” और उन्हें “घायल शेरनी” बताया।
भूपेश बघेल ने क्या कहा?
स्मृति ईरानी की नई जिम्मेदारी पर प्रतिक्रिया देते हुए भूपेश बघेल ने कहा, “स्मृति ईरानी का वनवास खत्म हुआ है। चोट खाई हुई स्मृति ईरानी हैं, घायल शेरनी हैं।” इसके साथ ही उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ आने के बाद अब देखना होगा कि वह संगठन में किसे हटाती हैं। बघेल का यह बयान भाजपा के संगठनात्मक फेरबदल को लेकर राजनीतिक टिप्पणी के तौर पर सामने आया है।
भाजपा ने दी छत्तीसगढ़ की जिम्मेदारी
भाजपा ने 23 सितंबर को देशभर के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए नए प्रभारी और सह-प्रभारियों की नियुक्ति की। इसी सूची में स्मृति ईरानी को छत्तीसगढ़ और हरियाणा की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं सिद्धार्थ शंभू को छत्तीसगढ़ का सह-प्रभारी बनाया गया है।
स्मृति ईरानी हाल ही में भाजपा के राष्ट्रीय संगठन में राष्ट्रीय महामंत्री के रूप में भी शामिल हुई थीं। नई जिम्मेदारी के तहत अब उन्हें छत्तीसगढ़ में पार्टी के संगठनात्मक कामकाज की निगरानी करनी होगी।
सिलेंडर के मुद्दे पर भी निशाना
भूपेश बघेल ने अपने बयान में स्मृति ईरानी के पुराने चुनावी मुद्दों का भी जिक्र किया। उन्होंने गैस सिलेंडर की कीमत और भाजपा की ओर से किए गए चुनावी वादों को लेकर भी सवाल उठाए। उनका बयान महंगाई और रसोई गैस की कीमतों से जुड़े राजनीतिक मुद्दों पर केंद्रित रहा।
स्मृति ईरानी की नियुक्ति ऐसे समय हुई है, जब भाजपा छत्तीसगढ़ संगठन में कई स्तरों पर नई जिम्मेदारियां तय कर रही है। पार्टी ने राज्य के संगठनात्मक कामकाज के लिए प्रभारी और सह-प्रभारी की नई व्यवस्था की है।


