रायपुर। राजधानी रायपुर में एक नवजात बच्ची की मौत के बाद मेडिकल स्टोरों पर बिकने वाले शिशु आहार की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। परिजनों ने आरोप लगाया है कि मेडिकल स्टोर से खरीदा गया एक्सपायरी मिल्क पाउडर बच्ची को पिलाने के बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और ड्रग विभाग ने जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, बच्ची की तबीयत मिल्क पाउडर पिलाने के बाद अचानक बिगड़ गई थी। परिजन उसे तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां आईसीयू में उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने मेडिकल स्टोर पर एक्सपायरी मिल्क पाउडर बेचने का आरोप लगाते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत मिलते ही मौदहापारा थाना पुलिस हरकत में आई और संबंधित मेडिकल स्टोर को सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने का नोटिस जारी किया है। पुलिस मामले से जुड़े सभी साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग और ड्रग इंस्पेक्टर ने भी जांच शुरू कर दी है। वहीं, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) ने परिजनों को बुलाकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली है। जांच के दौरान मिल्क पाउडर की वैधता, एक्सपायरी तिथि और बिक्री से जुड़े दस्तावेजों की भी पड़ताल की जा रही है।
परिजनों का कहना है कि यदि मेडिकल स्टोर ने वास्तव में एक्सपायरी मिल्क पाउडर बेचा है, तो यह गंभीर लापरवाही है और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और ड्रग विभाग सभी पहलुओं की जांच कर रहे हैं। बच्ची की मौत का वास्तविक कारण अभी आधिकारिक रूप से स्पष्ट नहीं हुआ है। एक्सपायरी मिल्क पाउडर से मौत होने का दावा परिजनों द्वारा लगाया गया आरोप है, जिसकी पुष्टि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।


