- प्रॉपर्टी में राहत: जमीन और मकान की रजिस्ट्री की दरों में कटौती की गई है, जिससे घर खरीदना अब बजट में होगा।
- शराब नीति: पर्यावरण और सुरक्षा के मद्देनजर कांच की जगह अब प्लास्टिक की बोतलों में शराब की सप्लाई शुरू।
- प्रशासनिक बदलाव: नए वित्तीय वर्ष के साथ टैक्स और पार्सल डिलीवरी के नियमों में भारी फेरबदल।
CG Registry Rates 2026 , रायपुर — वित्त वर्ष 2026-27 के पहले दिन छत्तीसगढ़ की आर्थिक पिच पर बड़े बदलावों की ‘ओपनिंग’ हो गई है। आज सुबह से राज्य में रजिस्ट्री की नई दरें लागू हो गईं, जिसने प्रॉपर्टी मार्केट में जान फूंक दी है। सरकार ने रजिस्ट्री शुल्क को घटाकर आम आदमी को सीधे राहत दी है। वहीं, आबकारी विभाग ने भी अपनी रणनीति बदलते हुए अब शराब की बोतलों के लिए प्लास्टिक के इस्तेमाल को हरी झंडी दे दी है।
मैदान पर नई रणनीति: रजिस्ट्री से लेकर रसोई तक बड़े बदलाव
1 अप्रैल से लागू हुए ये फैसले न केवल आपकी जेब पर असर डालेंगे, बल्कि दैनिक जीवन के ‘स्कोरकार्ड’ को भी बदल देंगे।
- सस्ती हुई रजिस्ट्री: घर और जमीन खरीदने वालों के लिए यह ‘फ्री-हिट’ जैसा है। नई दरों के बाद मध्यम वर्ग के लिए अपनी जमीन का सपना पूरा करना आसान होगा।
- शराब की नई पैकिंग: राज्य में अब शराब कांच की बोतलों के बजाय प्लास्टिक की बोतलों में मिलेगी। इससे परिवहन में होने वाली टूट-फूट और रिस्क को कम किया जा सकेगा।
- पारदर्शिता और टैक्स: केंद्र और राज्य सरकार ने टैक्स सिस्टम को और अधिक सरल बनाया है। डिजिटल ट्रांजेक्शन पर अब नए सुरक्षा फीचर्स अनिवार्य कर दिए गए हैं।
प्रशासन का मानना है कि इन बदलावों से राजस्व बढ़ेगा और आम लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलेगी। यह कदम पारदर्शिता की दिशा में एक बड़ा ‘गोल’ साबित हो सकता है।
“1 अप्रैल से लागू हुए नियम आम नागरिकों की सुविधा के लिए हैं। रजिस्ट्री सस्ती होने से रियल एस्टेट सेक्टर को बूस्ट मिलेगा। हमने आबकारी और राजस्व के नियमों में जो बदलाव किए हैं, वे भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं।”
— प्रशासनिक अधिकारी, छत्तीसगढ़ शासन



