मुजफ्फराबाद में 2020 के पुलवामा ग्रेनेड हमले में शामिल आतंकी हमजा बुरहान की गोली मारकर हत्या कर दी गई। जानकारी के अनुसार, गुरुवार को मुजफ्फराबाद स्थित AIMS कॉलेज के बाहर अज्ञात हमलावरों ने उस पर ताबड़तोड़ फायरिंग की, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
2022 में भारत ने घोषित किया था आतंकी
भारत सरकार ने वर्ष 2022 में हमजा बुरहान को गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम के तहत आतंकवादी घोषित किया था। वह आतंकी संगठन अल बद्र से जुड़ा हुआ था।
सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक हमजा बुरहान का संबंध कुख्यात आतंकियों अबू दुजाना, अबू कासिम, बुरहान वानी और जाकिर मूसा से भी रहा था।
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पुलवामा का रहने वाला था हमजा
बताया गया कि अर्जुमंद गुलजार डार उर्फ हमजा बुरहान जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले के रत्नीपोरा इलाके का निवासी था। वह कानूनी तरीके से पाकिस्तान गया था, जहां बाद में अल बद्र संगठन में शामिल हो गया।
इसके बाद वह संगठन का सक्रिय आतंकी और कमांडर बन गया तथा पाकिस्तान से ही गतिविधियां संचालित कर रहा था।
युवाओं को आतंकी संगठन में भर्ती कराने का आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार हमजा बुरहान युवाओं को आतंकी संगठन में शामिल होने के लिए उकसाने और फंडिंग करने में भी सक्रिय था। उस पर 2020 में CRPF जवानों पर हुए ग्रेनेड हमले में शामिल होने का भी आरोप था।
अज्ञात हमलावरों ने की हत्या
सूत्रों के मुताबिक, हमजा बुरहान की हत्या अज्ञात हमलावरों ने की। फिलहाल हमलावरों की पहचान नहीं हो सकी है और मामले को लेकर आधिकारिक स्तर पर विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।


