CG E-Challan Fraud : साइबर ठगी, APK फाइल डाउनलोड करते ही खाली हुआ बैंक खाता
पाकिस्तान की मध्यस्थता और ट्रंप का दांव
बुधवार तड़के व्हाइट हाउस से आए इस बयान ने सबको चौंका दिया। ट्रंप ने पाकिस्तान के शीर्ष नेतृत्व की अपील पर हमला रोकने की अवधि बढ़ाने का फैसला किया। हालांकि, ट्रंप प्रशासन ने यह खुलासा नहीं किया कि यह सीजफायर कितने दिनों या घंटों के लिए प्रभावी रहेगा। वॉशिंगटन में माहौल तनावपूर्ण है। पेंटागन के गलियारों में सन्नाटा पसरा है, क्योंकि हर कोई जानता है कि यह शांति अस्थाई है। ट्रंप का यह दांव कूटनीतिक ज्यादा और रणनीतिक कम नजर आ रहा है। पाकिस्तान की इसमें भूमिका ने दक्षिण एशिया की राजनीति में भी खलबली मचा दी है।
ईरान की प्रतिक्रिया किसी झटके से कम नहीं थी। तेहरान के विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर ट्रंप के इस एक्सटेंशन को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने इसे अमेरिका की कमजोरी बताया। तेहरान ने तर्क दिया कि अमेरिका युद्ध हार रहा है और समय बचाने के लिए सीजफायर का ड्रामा कर रहा है। खाड़ी के पानी में अमेरिकी विमानवाहक पोतों की मौजूदगी के बीच ईरान का यह रुख बताता है कि वह पीछे हटने के मूड में बिल्कुल नहीं है।
“हम झुकने वालों में से नहीं हैं। जो मैदान-ए-जंग में पिछड़ रहे हैं, वे शर्तें तय नहीं करेंगे। ट्रंप का सीजफायर एक्सटेंशन केवल उनकी घबराहट का सबूत है। हमारी मिसाइलें तैयार हैं और तेहरान अपनी संप्रभुता पर कोई समझौता नहीं करेगा।”



