रायपुर। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi एक दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ पहुंचे, जहां उन्होंने अभनपुर में आयोजित कांग्रेस के 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में भाग लिया। रायपुर एयरपोर्ट पहुंचने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया।
अभनपुर में आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में राहुल गांधी जिला और शहर अध्यक्षों के साथ सीधा संवाद कर रहे हैं। हालांकि कार्यक्रम को गोपनीय रखा गया है, लेकिन प्रदेशभर से बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता यहां पहुंचे हैं। भारी भीड़ के चलते पूर्व विधानसभा अध्यक्ष Charan Das Mahant को भी गेट के बाहर धक्का-मुक्की का सामना करना पड़ा।
कार्यकर्ताओं में उत्साह, दूर-दूर से पहुंचे लोग
सक्ति जिले के जैजपुर से आए ब्लॉक अध्यक्ष कौशिक चंद्र ने बताया कि वह पहले भी राहुल गांधी से मिलने दिल्ली तक बाइक से गए थे, लेकिन मुलाकात नहीं हो पाई। इस बार फिर वे बाइक से अभनपुर पहुंचे हैं, ताकि अपने नेता से मिल सकें।
NEET UG 2026 Re-Exam : National Testing Agency की सख्ती के बीच NEET री-एग्जाम शुरू
भाजपा-कांग्रेस में जुबानी जंग
राहुल गांधी के दौरे को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। भाजपा विधायक Purandar Mishra ने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी यहां “आलू से सोना निकालने की ट्रेनिंग” देने आए हैं।
इस पर पलटवार करते हुए कांग्रेस नेता Vikas Upadhyay ने कहा कि पुरंदर मिश्रा “एक्सीडेंटल विधायक” हैं और केवल सुर्खियां बटोरने के लिए बयानबाजी कर रहे हैं।
भाजपा विधायक ने यह भी कहा कि भगवान राम के ननिहाल छत्तीसगढ़ में राहुल गांधी का स्वागत है, साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने पहले भगवान राम के अस्तित्व को स्वीकार नहीं किया था।
संगठन को मजबूत करने पर फोकस
बताया जा रहा है कि इस प्रशिक्षण शिविर का उद्देश्य कांग्रेस संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करना और आगामी चुनावों के लिए रणनीति तैयार करना है।
राहुल गांधी का यह दौरा प्रदेश की राजनीति में हलचल पैदा कर रहा है, जहां एक ओर कांग्रेस संगठनात्मक मजबूती पर जोर दे रही है, वहीं दूसरी ओर भाजपा इसे लेकर लगातार हमलावर नजर आ रही है।



