भारतीय महिला क्रिकेट टीम से क्यों डरने लगी है दुनिया — इंग्लैंड के पूर्व कप्तान और मशहूर क्रिकेट कमेंटेटर नासिर हुसैन ने भारतीय महिला क्रिकेट टीम की बढ़ती ताकत को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि साल 2023 में महिला प्रीमियर लीग (WPL) की शुरुआत और उसके बाद 50 ओवरों के महिला वनडे विश्व कप में मिली खिताबी जीत ने भारत में महिला क्रिकेट की तस्वीर बदल दी है। नासिर हुसैन के मुताबिक, इन दो बड़े घटनाक्रमों के बाद भारतीय टीम अब एक ऐसी ताकत बन चुकी है जिसे रोकना किसी भी विरोधी के लिए नामुमकिन होगा।

जियो स्टार मीडिया डे पर खुलकर बोले पूर्व इंग्लिश कप्तान
नासिर हुसैन ने गुरुवार को आयोजित जियो स्टार मीडिया डे के दौरान पत्रकारों से बातचीत में भारतीय टीम के प्रदर्शन और उसकी गहराई पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने साफ किया कि भारतीय क्रिकेट में अब केवल कुछ स्टार खिलाड़ियों पर निर्भरता का दौर खत्म हो चुका है। जमीनी स्तर से लगातार ऐसी प्रतिभाएं निकलकर सामने आ रही हैं जो टीम के सीनियर खिलाड़ियों को लगातार बेहतर प्रदर्शन करने के लिए मजबूर कर रही हैं।
खिलाड़ियों की गहराई भारतीय टीम की सबसे बड़ी मजबूती
हुसैन ने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि साल 2017 के विश्व कप फाइनल के दौर में भारतीय टीम मिताली राज जैसे तीन या चार मुख्य खिलाड़ियों पर बहुत ज्यादा निर्भर थी। वे अकेले ही टीम की नैया पार लगाने के लिए संघर्ष करती थीं। लेकिन डब्ल्यूपीएल के आने के बाद परिस्थितियां पूरी तरह बदल गई हैं। अब घरेलू स्तर पर इतने मैच और वित्तीय सुरक्षा मिल रही है कि हर स्थान के लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा शुरू हो गई है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे पुरुषों की टीम में नए युवा खिलाड़ी आकर अपनी जगह पक्की कर रहे हैं, ठीक वैसा ही अब महिलाओं के क्रिकेट में भी दिखने लगा है।
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गेंदबाजी कॉम्बिनेशन को लेकर दी अहम सलाह
आगामी टूर्नामेंट्स को ध्यान में रखते हुए नासिर हुसैन ने भारतीय टीम की बल्लेबाजी की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि ऋचा घोष जैसी फिनिशर और शेफाली वर्मा की आक्रामक बल्लेबाजी के कारण भारत के पास बेहतरीन बैटिंग लाइन-अप मौजूद है। हालांकि, उन्होंने गेंदबाजी विभाग को लेकर थोड़ा सचेत रहने की सलाह दी। हुसैन के अनुसार, अमनजोत कौर जैसी ऑलराउंडर की चोट के बाद टीम मैनेजमेंट को यह तय करना होगा कि वे पांचवें या छठे गेंदबाज के रूप में किसे इस्तेमाल करते हैं और 170-180 जैसे बड़े स्कोर्स का बचाव किस रणनीति के साथ करते हैं।



